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मिशन 2027 के लिए संदीप भट्टी ने कसा सियासी पेच, बारेका में नाराज कार्यकर्ताओं को मनाने पहुंचे

गिले-शिकवे दूर कर कार्यकर्ताओं को साथ जोड़ने की कवायद, संगठन को मजबूत करने पर दिया जोर

मिशन 2027 के लिए संदीप भट्टी ने कसा सियासी पेच, बारेका में नाराज कार्यकर्ताओं को मनाने पहुंचे

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पंजाब चुनाव 2027 में किसकी सरकार बन सकती है?

पंजाब की 117 विधानसभा सीटों पर 2027 में किसकी सरकार बनेगी? इस बड़े सवाल का जवाब तलाशने के लिए राजनीतिक गलियारों से लेकर जनता के बीच चर्चाएं तेज हो चुकी हैं। पंजाब में बहुमत का जादुई आंकड़ा 59 सीटें हैं। इस बार का मुकाबला एकतरफा न होकर आप (AAP), कांग्रेस (INC), बीजेपी (BJP) और शिरोमणि अकाली दल (SAD) के बीच बहुकोणीय होने की उम्मीद है।

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फाजिल्का: मिशन 2027 को लेकर जिला परिषद सदस्य एवं सरपंच यूनियन फाजिल्का के प्रधान संदीप सिंह भट्टी ने अपनी राजनीतिक गतिविधियां तेज कर दी हैं। इसी क्रम में वह गांव बारेका पहुंचे, जहां उन्होंने पार्टी से जुड़े कुछ मुद्दों को लेकर नाराज चल रहे कार्यकर्ताओं के साथ सीधा संवाद किया।

बैठक में भट्टी ने खुले माहौल में कार्यकर्ताओं की समस्याएं, भावनाएं और गिले-शिकवे सुने। कार्यकर्ताओं ने अपने स्तर पर आ रही परेशानियों और आपसी मतभेदों से संबंधित बातें उनके समक्ष रखीं।

संदीप सिंह भट्टी ने कार्यकर्ताओं की बातों को गंभीरता से सुनते हुए आपसी संवाद के माध्यम से मतभेद दूर करने और संगठन में बेहतर तालमेल स्थापित करने पर चर्चा की। उन्होंने सभी कार्यकर्ताओं से एकजुट होकर संगठन की मजबूती के लिए कार्य करने का आह्वान किया।

भट्टी ने कहा कि किसी भी संगठन की असली ताकत उसके कार्यकर्ता होते हैं। मिशन 2027 को ध्यान में रखते हुए जमीनी स्तर पर संगठन को मजबूत करने के लिए प्रत्येक कार्यकर्ता को साथ लेकर चलना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं के बीच नियमित संवाद बना रहना चाहिए और किसी भी प्रकार के मतभेद को बातचीत के माध्यम से सुलझाया जाना चाहिए।

गांव बारेका में हुई इस बैठक को राजनीतिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। भट्टी द्वारा गांवों में जाकर कार्यकर्ताओं और आम लोगों से सीधे संपर्क स्थापित करने को जमीनी स्तर पर संगठन को सक्रिय करने की रणनीति के रूप में देखा जा रहा है।

राजनीतिक हलकों में इस बैठक को कार्यकर्ताओं को पुनः एकजुट करने और आगामी चुनावी तैयारियों से पहले संगठनात्मक पकड़ मजबूत करने की दिशा में उठाए गए कदम के तौर पर देखा जा रहा है। आने वाले दिनों में संदीप सिंह भट्टी की ओर से गांव-गांव बैठकों और कार्यकर्ता संपर्क अभियान को और गति दिए जाने के संकेत हैं।